सभी गर्भवती बहनें धनतेरस से लेकर भाईदूज तक इस संदेश को बार-बार विचारें… इन अमृतवचनों का चिंतन करते-करते इसे आत्मसात करें व अपनी भावी संतान के भविष्य दिव्य प्रकाश से ओतप्रोत कर दें ।
बापूजी दीपावली का आध्यात्मिक संदेश देते हुए कहते हैंः – दीपावली का महापर्व सभीके जीवन में नया उत्साह, उल्लास, प्रसन्नता तथा प्रकाश बिखेरता ही है, साथ ही यह प्रेरणा भी देता है कि अज्ञानरूपी अंधकार में भटकने की जगह अपने जीवन में ज्ञान का प्रकाश ले आओ । दीपावली के पर्व पर घर में और बाहर तो दीपमालाओं का प्रकाश अवश्य करो, साथ-ही-साथ अपने हृदय में भी भगवदीय ज्ञान का आलोक कर दो । जो प्रकाशों-का-प्रकाश है उस दिव्य परमात्म-प्रकाश का चिंतन करो ।
सभी गर्भवती बहनें धनतेरस से लेकर भाईदूज तक इस संदेश को बार-बार विचारें… इन अमृतवचनों का चिंतन करते-करते इसे आत्मसात करें व अपनी भावी संतान के भविष्य दिव्य प्रकाश से ओतप्रोत कर दें ।
बापूजी दीपावली का आध्यात्मिक संदेश देते हुए कहते हैंः – दीपावली का महापर्व सभीके जीवन में नया उत्साह, उल्लास, प्रसन्नता तथा प्रकाश बिखेरता ही है, साथ ही यह प्रेरणा भी देता है कि अज्ञानरूपी अंधकार में भटकने की जगह अपने जीवन में ज्ञान का प्रकाश ले आओ । दीपावली के पर्व पर घर में और बाहर तो दीपमालाओं का प्रकाश अवश्य करो, साथ-ही-साथ अपने हृदय में भी भगवदीय ज्ञान का आलोक कर दो । जो प्रकाशों-का-प्रकाश है उस दिव्य परमात्म-प्रकाश का चिंतन करो ।
गर्भस्थ शिशु को सुसंस्कारी बनाने तथा उसके उचित पालन-पोषण की जानकारी देने हेतु पूज्य संत श्री आशारामजी बापू द्वारा प्रेरित महिला उत्थान मंडल द्वारा लोकहितार्थ दिव्य शिशु संस्कार अभियान प्रारंभ किया गया है ।